ताज़ा ख़बर

राप्ती की कहर से डूहिया को बचाएंगे मुख्यमंत्री आदित्यनाथ योगी?

गोरखपुर के सांसद के मुख्यमंत्री बनने से जगी ग्रामीणों में उम्मीद
गोरखपुर। गोरखपुर के सांसद आदित्यनाथ योगी के मुख्यमंत्री बनते ही गांव डूहिया की उम्मीदें परवान चढ़ गई हैं। लोग मुख्यमंत्री की ओर आशा भरी निगाहों से देख रहे हैं। उन्हें भरोसा है कि योगी जी राप्ती की कहर से बचाकर डूहिया के वजूद कायम रखने में निश्चित ही कामयाब होंगे और यहां के लोगों के सपनों को पूरा करेंगे। गों को उम्मीद है कि महानगर गोरखपुर से महज़ सात किमी की दूरी पर स्थित राप्ती के तट पर बसा है गांव ड़ूहिया। ज़िसका अपना एक वजूद है। इस गांव की अच्छी-खासी आबादी है और यह अपने ग्राम सभा का प्रमुख गांव है। ताकरीबन 300 मकान वाले इस गावं में एक तो सुविधाओं का घोर अभाव है वहीं दूसरी राप्ती की कहर हमेशा लोगों को डराती रहती है। जानकार बताते हैं कि राप्ती नदी 15 साल पहले गांव से लगभग पांच किमी दूर थी, लेकिन इधर कुछ कुछ वर्षों में वह गांव से महज़ 100 मिटर की दूरी पर है। कुछ साल पहले इस नदी ने कई आशियानों को अपने अगोश मे ले लिया। इस संबंध में तमाम अखबारों व मीडिया के सहारे शासन-प्रशासन को बताया गया। गांव वालों ने अपना खूब दुखड़ा रोया। इतना ही नहीं गोरखपुर के सांसद और अब प्रदेश के मुख्यमंत्री आदित्यनाथ योगी भी कई बार गांव का दौरा कर लोगों के आंसू पोंछ चुके हैं। वैसे अब गांव वालों में खुशी की लहर है कि योगी जी सीएम बन गए हैं तो निश्चित ही उनका भी कल्याण हो जाएगा। गांव वालों का कहना है कि बीते कुछ वर्षों में नदी जब गांव में आफत बरपाती है तो प्रशासन के लोग इसे देखते रह जाते हैं। अब सवाल यह है कि क्या डूहिया गांव मोहानजोदड़ो की तरह लुप्त तो नहीं हो ज़ायेगा? अब तक कई विधानसभा और लोकसभा चुनाव को लोग इसलिए एक बड़े पर्व के रूप में मनाते रहे कि शायद गांव का कल्याण हो जाएगा, पर हुआ कुछ भी नहीं। लेकिन आदित्यनाथ योगी जी के सीएम बनने के बाद लोगों की उम्मीदें आसमान छू रही हैं। ग्रामीण बताते हैं कि इस बार लगता है कि आश्वासन नहीं काम होगा, क्योंकि योगी जी जैसा तटस्थ व्यक्ति सूबे की बड़ी कुर्सी पर आसीन है। बताते हैं कि इधर तकरीबन 20 वर्षों में शहर व गांव में बहुत कुछ बदल गए, लेकिन डूहिया का दर्द ज्यों कि त्यों बना हुआ है। फलस्वरूप लोगों में डर समाया हुआ है कि पता नहीं गांव का वजूद बचेगा भी या नहीं। गावं के प्रमुख लोग राकेश सिंह, रजीव सिंह, रामानांद सिंह, आमित सिंह, सूरज सिंह, धर्मेन्द्र सिंह, सुरजीत, दूर्गेश कहते हैं कि यदि पुरानी परम्परा के अनुरूप काम होता रहा तो शायद कुछ भी सुधार न हो। बावजूद इन लोगों में यह आस जगी है कि गोरखपुर के सांसद आदित्यनाथ योगी यूपी के मुख्यमंत्री बन गए हैं तो निश्चित ही डूहिया पर उनकी नजर जाएगी और इस गांव को बचाने के लिए पूरा प्रयत्न करेंगे। गांव वालों का कहना है कि योगी जी को गांव की समस्या के बारे में पूरी जानकारी है।
प्रस्तुतिः सूरज सिंह
  • Blogger Comments
  • Facebook Comments

0 comments:

Post a Comment

आपकी प्रतिक्रियाएँ क्रांति की पहल हैं, इसलिए अपनी प्रतिक्रियाएँ ज़रूर व्यक्त करें।

Item Reviewed: राप्ती की कहर से डूहिया को बचाएंगे मुख्यमंत्री आदित्यनाथ योगी? Rating: 5 Reviewed By: न्यूज़ फ़ॉर ऑल