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...ताकि बच्चों में ना बढ़ सकें हीन भावनाएं

टैलेंट ओरिएंटेड प्रोग्राम (TOP) की प्रोत्साहन राशि अथवा उपहार (एजुकेशन किट) से अपने स्कूल के बच्चों को ना करें वंचित, पंजीयन कराने की अंतिम तिथि 31 मार्च, अधिकाधिक बच्चों का शीघ्र पंजीयन कराएं और बच्चों के वेलफेयर में बढ़कर-चढ़कर काम करने वाले हितैषी स्कूल के रूप में नाम अंकित कराएं 
आप भलिभांति जानते हैं कि दूसरों के देखा-देखी बच्चों में ललक बढ़ती है। यदि वह ललक समय से पूरी नहीं होती है तो वही बच्चों में हीन भावना में तब्दील हो जाती है। खास बात यह है कि हीन के भावना से ग्रसित बच्चे मानसिक रूप से कुंठित हो जाते हैं और मंजिल तक पहुंचने से पहले ही लड़खड़ाने लगते है, जिससे उनका कैरियर बिगड़ जाता है। इस स्थिति में ना सिर्फ स्कूली शिक्षकों बल्कि माता-पिता और अभिभावकों को भी बच्चों की भावनाओं के अनुरूप अपनी गतिविधियां संचालित करनी चाहिए। हर किसी को यह पूरा ख्याल रखना चाहिए कि बच्चों में हीनभावना का संचार न हो। यदि बच्चे हीनभावना के शिकार होते हैं तो उसके लिए संबंधित विद्यालय प्रबंधन के साथ-साथ माता-पिता और अभिभावक भी मुख्य रूप से जिम्मेदार ठहराए जा सकते हैं। यानी बच्चों के मनोभाव को समझना सबके लिए बेहद जरूरी है। गौरतलब है कि बीते तीन वर्षों की भांति इस वर्ष भी पिछले दिनों देश की चर्चित डिजिटल मीडिया www.newsforall.in के तत्वावधान में कक्षा 01 से 10 तक के स्कूली बच्चों के वेलफेयर अथवा कल्याणार्थ टैलेंट ओरिएंटेड प्रोग्राम (TOP) के तहत प्रोत्साहन राशि व उपहार देने की योजना की शुरूआत की गई। इस योजना में छात्र-छात्राओं के पंजीयन कराने की अंतिम तिथि 31 मार्च, 2016 रखी गई। इसके लिए सामान्य सम्वर्ग के छात्रों के लिए 141 रुपए और आरक्षित सम्वर्ग के छात्रों तथा सभी हर सम्वर्ग के छात्राओं के लिए 131 रुपए पंजीयन शुल्क रखे गए। इसके एवज में सभी पंजीकृत छात्र-छात्राओं को आकर्षक उपहार (एजुकेशन किट) तथा चयनित बच्चों को प्रोत्साहन राशि देने की योजना है। दरअसल, आपके आसपास के विद्यालयों द्वारा टॉप की इस योजना में पंजीयन कराने के लिए जिस प्रकार का जबर्दस्त उत्साह दिखाया गया है, उसे ध्यान में रखते हुए आपसे भी अनुरोध है कि अधिक से अधिक संख्या में बच्चों का समय से पहले पंजीयन करा लें ताकि पड़ोसी स्कूल के बच्चों को मिलने वाली एजुकेशन किट अथवा प्रोत्साहन राशि का लाभ आपके बच्चों को भी मिल सके। जैसा कि ऊपर चर्चा की गई है कि बच्चों की ललक पूरी ना होने के कारण ही उनमें हीनभावना बढ़ती है, इसलिए अन्य आसपास के बच्चों को मिलने वाले उपहार अथवा प्रोत्साहन की ललक को अपने बच्चों में कुंद ना होने दें। साथ ही अधिक से अधिक बच्चों का पंजीयन कराने वाले स्कूलों की ग्रेडिंग कर राष्ट्रीय स्तर पर यह सूची भी प्रकाशित की जाएगी कि कौन-सा स्कूल बच्चों के वेलफेयर व कल्याणार्थ ज्यादा सक्रिय रहता है। पंजीयन के लिए फार्म भरने का तरीका भी बेहद आसान है। सबसे पहले इस खबर से टॉप (TOP) का फार्म डाऊनलोड कर उसे साफ-साफ अक्षरों (हिन्दी अथवा अंग्रेजी) में भरें और बैंक खाते (बैंक खाते की डीटेल- Rajeev Ranjan Tiwari, Punjab National Bank (PNB), A/C No.- 4756000100044100, IFSC Code- PUNB0475600) में भेजी गई धनराशि की पर्ची/स्लीप तथा फार्म का एक साथ फोटो खींचकर अथवा स्कैन करके इमेल आईडी indiakbk@gmail.com पर मेल कर दें। वक्त कम है। देरी ना करें। संबंधित खबरें पढ़ने व के लिए निम्नलिखित लिंक पर क्लिक करें-
http://www.newsforall.in/2016/03/nfa-top-award-edu-student-first.html
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