ताज़ा ख़बर

हिंदी के साहित्यकार रवींद्र कालिया नहीं रहे

नई दिल्ली। हिंदी के साहित्यकार रवींद्र कालिया का दिल्ली के अस्पताल में 76 वर्ष की आयु में निधन हो गया है। उनके बड़े बेटे अनिरुद्ध ने बताया कि रवींद्र कालिया ने शनिवार दोपहर बाद गंगाराम सिटी अस्पताल में अंतिम सांस ली। वे लंबे समय से लीवर की बीमारी से जूझ रहे थे। उनका अंतिम संस्कार रविवार लोधी रोड के श्मशान घाट पर होगा। कालिया के परिवार में लेखिका पत्नी ममता कालिया और उनके दो बेटे हैं। रविंद्र कालिया का पंजाब के जालंधर में जन्म हुआ था। वे केंद्रीय हिंदी निदेशालय की पत्रिका 'भाषा' और 'धर्मयुग' से जुड़े रहे। वे भारतीय भाषा परिषद की पत्रिका 'वागर्थ' के भी संपादक रहे। कालिया भारतीय ज्ञानपीठ के निदेशक और पत्रिका 'नया ज्ञानोदय' के संपादक भी थे। कालिया की चर्चित रचनाओं में 'खुदा सही सलामत है', 'एबीसीडी', '17 रानडे रोड' (उपन्यास) 'नौ साल छोटी पत्नी' (कहानी संग्रह) और 'ग़ालिब छुटी शराब' (संस्मरण) 'नींद क्यों रात भर नहीं आती' (व्यंग्य संग्रह) प्रमुख हैं। उन्हें कई साहित्य पुरस्कारों से सम्मानित किया गया। उनकी रचनाएं देश-विदेश के कई विश्वविद्यालयों में शामिल हैं।
  • Blogger Comments
  • Facebook Comments

0 comments:

Post a Comment

आपकी प्रतिक्रियाएँ क्रांति की पहल हैं, इसलिए अपनी प्रतिक्रियाएँ ज़रूर व्यक्त करें।

Item Reviewed: हिंदी के साहित्यकार रवींद्र कालिया नहीं रहे Rating: 5 Reviewed By: न्यूज़ फ़ॉर ऑल