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मौसम बदल रहा है, निराशा के बादल छंट गए हैः मोदी

भाजपा की राष्ट्रीय कार्यकारिणी में हिस्सा लेने पहुंचे प्रधानमंत्री ने बेंगलुरु की रैली में एनडीए सरकार की तारीफ की 
बेंगलुरु। बीजेपी की राष्ट्रीय कार्यकारिणी में हिस्सा लेने पहुंचे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को बेंगलुरु में रैली को संबोधित किया। इस रैली में उन्होंने विशाल जनसमूह को संबोधित करते हुए सबसे पहले कहा- मौसम बदल रहा है। नए भूमि अधिग्रहण विधेयक पर आलोचनाओं का सामना कर रहे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि किसानों के फायदे के लिए भूमि संबंधी रिकॉर्ड में सुधार किया जाएगा। मोदी ने कहा कि उनकी सरकार किसानों को सशक्त करने के लिए काम कर रही है क्योंकि वह मानती है कि जब तक गांवों का विकास नहीं होगा, देश प्रगति नहीं कर सकता। भाजपा की राष्ट्रीय कार्यकारिणी की दो दिवसीय बैठक में शामिल होने आए मोदी ने कहा कि किसान ने अपनी जमीन कैसे खो दी? यह कहां चली गई? अपने बच्चों को चपरासी की नौकरी दिलाने के लिए या उन्हें ड्राइवर बनाने के लिहाज से रिश्वत देने के लिए वे अपनी जमीन तक बेचने को मजबूर हो जाते थे। भूमि अधिग्रहण विधेयक के खिलाफ अभियान छेड़ने वाले विपक्षी दलों पर नाम लिये बिना निशाना साधते हुए मोदी ने कहा कि जो लोग झूठ फैला रहे हैं, उन्हें सच्चाई का पता नहीं है। मोदी ने कहा कि कालेधन के मुद्दे पर देशभर में झूठ फैलाया गया। विपक्ष के सवालों पर कटाक्ष करते हुए कहा कि अब कालेधन पर संसद में विधेयक लाने के बाद उनके मुंह पर ताला लग गया है। मोदी ने अगले महीने एक साल पूरा करने जा रही अपनी सरकार की उपलब्धियां गिनाईं। उन्होंने कहा कि कालेधन पर जी-20 में प्रस्ताव पारित हुआ। कालेधन पर संसद में कड़ा कानून रखा और दुनिया ने भी कालेधन पर हमारी बात मानी। दुनियाभर के नेताओं से आंखें मिलाकर हमने कालेधन पर बात की। मोदी ने कहा कि नीति से ज्यादा ताकतवर नीयत होती है। देश तेज गति से चल पड़ा है। कई प्रोजेक्ट लटके थे। हमारी सरकार ने उन्हें आगे बढ़ाया।
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