ताज़ा ख़बर

केजरीवाल का धरना खत्म, कौन झुका, कौन टूटा!

नई दिल्ली। रेल भवन पर दिल्ली सरकार के नेतृत्व में चल रहा आम आदमी पार्टी का धरना खत्म हो गया है। उप राज्यपाल नजीब जंग की अपील पर मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कहा कि हमारी कई मांगें मान लेने का आश्वासन उपराज्यपाल ने दिया है और गणतंत्र दिवस की तैयारियों व सुरक्षा का हवाला दिया है, इसलिए वे पिछले दो दिन से जारी धरना वापस लेने का ऐलान कर रहे हैं। चार पुलिस अफसरों के ट्रांसफर की मांग को लेकर दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल अपनी पूरी सरकार के साथ रेल भवन पर धरना दे रहे थे। इससे पिछले दो दिन से दिल्ली का सत्ता केंद्र एक तरह से आम आदमी पार्टी के कार्यकर्ताओं-समर्थकों से पट गया था। हालात से निपटने के लिए हजारों की संख्या में पुलिस बल भी तैनात था। उपराज्यपाल ने जांच पूरी होने तक आरोपी पुलिसवालों को छुट्टी पर भेजने का प्रस्ताव दिया जिसे पार्टी की मीटिंग के बाद केजरीवाल और उनकी सरकार ने स्वीकार कर लिया। केजरीवाल ने कहा कि उपराज्यपाल ने गणतंत्र दिवस की तैयारियों और समारोह के सुरक्षा उपायों का हवाला दिया है। इस मानते हुए वे धरना वापस ले रहे हैं। केजरीवाल ने कहा कि उनके धरने की वजह से जिन दिल्लीवासियों को परेशानी हुई, उसके लिए वे माफी मांगते हैं। उन्होंने ये भी कहा कि दिन में पुलिस और कार्यकर्ताओं की जो झड़प हुई उसकी वो निंदा करते हैं। पार्टी नेता संजय सिंह ने कहा कि पुलिस ने सागरपुर के चारों आरोपियों को धरने के बाद गिरफ्तार कर लिया। जांच पूरी होने तक पुलिसकर्मियों को छुट्टी पर भेज दिया गया, ये दिल्ली की जनता की जीत है। आम आदमी पार्टी के प्रवक्ता आशुतोष ने कहा कि दिल्ली पुलिस के बारे में कहा जाता है कि वो बेलगाम हो गई है। उस पुलिस को थोड़ा जवाबदेह बनाने का कोशिश के तौर पर हमने ये आंदोलन शुरू किया था। हमारी मांग थी कि जिन अफसरों के खिलाफ जांच हो रही है उन्हें जांच पूरी होने तक या तो सस्पेंड किया जाए या ट्रांसफर किया जाए। उपराज्यपाल ने उन अफसरों को छुट्टी पर भेजने का आश्वासन दिया है यानी हमारी जांच होने तक उनके पद पर न रहने की मांग पूरी होती है। उपराज्यपाल की अपील का सम्मान करते हुए हमने आंदोलन वापस ले लिया है। भले ही केजरीवाल ने धरना खत्म कर लिया हो, लेकिन कई सवाल अब भी बाकी हैं। क्या दो एसएचओ को छुट्टी पर भेजे जाने के लिए ही केजरीवाल ने धरना दिया था। क्या जनता की आलोचना को देख केजरीवाल ने धरना खत्म किया। क्या केजरीवाल और उनकी पार्टी के सामने नाक को बचाने का सवाल आ गया था। दो दिन तक दिल्ली की जनता को जो परेशानी हुई, उसकी भरपाई कौन करेगा। ऐसे कई सवाल हैं जिनका जवाब नहीं मिल पाया है। (साभार)
  • Blogger Comments
  • Facebook Comments

0 comments:

Post a Comment

आपकी प्रतिक्रियाएँ क्रांति की पहल हैं, इसलिए अपनी प्रतिक्रियाएँ ज़रूर व्यक्त करें।

Item Reviewed: केजरीवाल का धरना खत्म, कौन झुका, कौन टूटा! Rating: 5 Reviewed By: न्यूज़ फ़ॉर ऑल